IMG-20211009-WA0003-removebg-preview-1.png

भारत के गेंदा की खेती भी बहुत बड़े क्षेत्र में की जाती है। इसकी खेती करके किसान अच्छा पैसा भी कमा सकते है ,गेंदे की खेती पूरे साल की जाती है और मंडियों में भी इसकी मांग हमेशा बनी रहती है। इसकी खेती करके किसान अच्छा पैसा कमा सकते है। गर्मी के समय में और शादी विवाह के समय में इस फूल की माँग हमेशा रहती है ,कभी – कभी तो मंडियों में इसकी मांग इतनी होती है कि गेंदे का फूल पहुँच ही नहीं पाता। ऐसे में अगर किसान इसकी खेती अच्छे से करें तो वर्ष भर पैसा कमा सकते है।

नमस्कार किसान भाइयों स्वागत है आपका GEEKEN CHEMICALS में। आज के इस ब्लॉग में हम बात करने जा रहें है गेंदा की खेती के बारे में कब और कैसे की जाती है गेंदे की खेती और अच्छे उत्पादन के लिए हमें क्या करना चाहिए। अगर आपको हमारी यह जानकारी अच्छी लगें तो इस ब्लॉग को जरूर शेयर करें। किसान भाइयों अगर आप अपनी खेती को बेहतर तरीके से करना चाहते है तो GEEKEN CHEMICALS के ब्लॉग को पढ़ते रहें और हमारे रासायनिक कीटनाशक का जरूर प्रयोग करें , जिससे फसल की पैदावार अच्छी हो सकें। जीकेन Top Agro Chemical Companies in India में से एक है।

Contents

भारत में गेंदा की खेती के लिए भूमि, जलवायु

इसकी खेती करने के लिए अच्छे से जल निकासी वाली जगह होनी चाहिए। इसके आलावा किसन भाई बलुई दोमट मिट्टी में भी इसकी खेती आसानी से कर सकते है। गेंदे की खेती के लिए खेत के P.H. मान भी 7 के आसपास होना चाहिए। अगर हम भारत की बात करें तो इसकी खेती अलग – अलग जलवायु में की जाती है। किसान भाइयों गेंदा की खेती भारत में अलग – अलग के मौसम में की जाती है , क्योंकि पतझड़ के मौसम में इसकी पैदावार काफी अच्छी होती है। इसके पौधे को एक बार लगाने पर कई वर्षों तक पैदावार देते है। इसकी खेती किसी भी जलवायु में आसानी से कर सकते है।

और पढ़े –: जानिए कैसे करें अमरुद की खेती और कौन से बीज का करें इस्तेमाल

भारत में गेंदा की उन्नत किस्में

पूसा संतरा, (क्रैकर जैक अगर गोल्डन जुबली)

किसान भाइयों गेंदा की खेती के लिए पूसा संतरा सबसे अच्छा किस्म माना जाता है। इसके पौधे को तैयार होने में 123 से 135 दिन का समय लग जाता है। इससे निकलनें वालें फूलों का रंग नारंगी होता है और फूलों का व्यास 7 -8 CM तक होता है। कृषि एक्सपर्ट बताते है कि प्रति हेक्टेयर खेत में 40 क्विंटल की पैदावार आसानी से की जा सकती है।

पूसा बसंती (गोल्डन येलो जारसन जायंट)

यह किस्म भी गेंदा की खेती के लिए सबसे अच्छा होता है। आप अगर इस किस्म के हिसाब से गेंदा की खेती करते है तो 135 से 145 दिन में फूल की तुड़वाई कर सकते है। इस किस्म की खेती करने पर किसान भाइयों को काफी अच्छा फायदा हो सकता है।

भारत में गेंदा फूल का बीज कहां मिलता है

किसान भाइयों आज के समय में किसी भी बीज को ढूँढना बहुत ही आसान काम है। लेकिन फिर भी बहुत ऐसे किसान है जो परेशान रहते है कि बीज को कहाँ ढूढें तो आपको बता दें की गेंदा के बीज को आप अपने नजदीकी स्टोर पर जाकर खरीद सकते है , इसके अलावा आप अब इसके बीज को ऑनलाइन तरीके से भी माँगा सकते है। किसान चाहें तो गेंदा के कलम को तैयार करके भी इसकी खेती कर सकते है। कलम विधि से इसकी खेती के लिए जून से सितम्बर का महीना सबसे अच्छा माना जाता है।

भारत में गेंदा की खेती के लिए खेत की जुताई

किसान भाइयों गेंदा की खेती करने से कम समय में अच्छी पैदावार पाया जा सकता है इसलिए आप इसकी खेती आसानी से कर सकते है। सबसे पहले इसकी खेती के लिए मिट्टी , बीज , जलवायु का चुनाव करना चाहिए उसके बाद खेत की जुताई करवानी चाहिए , जिससे पैदावार अच्छी हो सके। इसकी खेती के लिए साफ़ और गहरी जुताई की जाती है। किसान भाइयों जब भी आप खेती की पहली जुताई करवाएं उसके बाद खेत में गोबर के खाद का प्रयोग जरूर करें , जिससे पौधे की वृद्धि तेजी से हो सके। जुताई के बाद खेत में पानी लगाकर पलेवा कर देना चाहिए। पलेवा करने के कुछ दिन के बाद अगर खेत में खरपतवार दिखाई पड़ रहें है तो रोटावेटर लगाकर एक बार फिर से खेत की गहरी जुताई कर दें और खेत को समतल कर दें। कभी भी गेंदा के पौधे के पास जलभराव नहीं होना चाहिए। इसके बीज की रुपाई मेड़ के रूप में की जाती है।

भारत में गेंदा के पौध की तैयारी 

किसान भाइयों अगर आप गेंदा की खेती करने जा रहें है तो बीज लगानें से अच्छा है की पौधा लगाकर इसकी खेती करें। गेंदा की खेती के लिए बीज को अपने घर में या किसी नर्सरी में तैयार कर सकते है। गेंदा की खेती के लिए एक से सवा किलों बीज आसनी से लग जाता है। किसान भाइयों गेंदा की खेती करते समय यह ध्यान रखें की इसकी खेती पूरे साल की जाती है इसलिए इसके बीज की तैयारी पहले कर लें , जब पौधा एक माह का हो जाए तब उसे लगानें के लिए खेत में नर्सरी बना लें। गेंदा के पौधे को जब भी नर्सरी में तैयार किया जाता है यह ध्यान रखें की उसमें गोबर का खाद जरूर मिला लें उसके बाद खेत की अच्छे से सिचाई कर दें।

अगर आप हमारे बताएं हुए तरीके को अपनाकर गेंदा के पौध को तैयार करते है तो , इसकी पैदावार भी काफी अच्छी होगी।

भारत में गेंदा के पौध की रोपाई

गेंदा के पौधे की खेती हम पूरे वर्ष में कर सकते है , लेकिन इसको लगानें के लिए सही समय का ध्यान रखना बहुत जरुरी है , इसे लगाने के लिए शाम को समय सबसे अच्छा माना जाता है। इससे पौधे के सूखनें का खतरा नहीं रहता है। इसके पौधे की रोपाई खेत में मेड़ बनाकर किया जाता है इन मेड़ों को हम एक फीट की दुरी पर बनाते है , जिससे पौधों के बड़े होने पर उन्हें विकास करने के लिए पर्याप्त जगह मिल सके। आप पौधों को लगते समय एक फीट की दूरी जरूर रखें। अगर आप गेंदा के पौधे को गर्मी के मौसम में लगा रहें है तो 2 फिट की दूरी रखना बहुत जरुरी है।

भारत में गेंदा के पौधों की सिंचाई

गेंदा के पौधे को नमी की आवश्यकता हमेशा पड़ती रहती है इसलिए इसके पौधे को लगानें के बाद तुरंत सिचाई कर देना चाहिए। जब भी पौधे की जड़ें अच्छे से पकड़ न लें तब तक हल्का पानी देते रहना चाहिए। जब पौधों में जड़े आ जाएं तब पौधे को सप्ताह में एक बार पानी देना चाहिए , तथा जब पौधे में शाखाएं आ जाए तब जरूरत के अनुसार खेत में पानी दें। अगर आप हमारे बताएँ हुए तरीके से गेंदा की खेती करते है तो निश्चित ही आपको अच्छा लाभ देखनें को मिलेगा।

गेंदा के खरपतवार का नियंत्रण 

किसान भाइयों अगर आप बीज का चुनाव और खेती की जुताई अच्छे से करते है तो खरपतवार उगने की संभावना बहुत कम होती है। ऐसे में आप इसकी अच्छे से पैदावार कर सकते है। लेकिन अगर फिर भी खरपतवार दिखाई पड़ रहे है तो इसके लिए आप सबसे पहले निराई – गुड़ाई करके खरपतवार को खत्म करना चाहिए। इसके निराई – गुड़ाई के लिए भी अलग – अलग समय निर्धारित किया गया है। इसकी पहली गुड़ाई पौधा लगानें के 25 दिन बाद और दूसरी गुड़ाई 15 दिन के बाद करना चाहिए। निराई – गुड़ाई करते समय यह ध्यान देना चाहिए की पौधों की जड़ों के पास चोट न लगनें पाए , इससे पौधों के सूखनें का खतरा बना रहता है। निराई – गुड़ाई करने के बाद आप पौधों के जड़ों के पास नई मिट्टी को चढ़ा कर पानी से सींच दें। आप चाहें तो इसके खरपतवार को खत्म करने के लिए रासायनिक विधि भी अपना सकते है।

रासायनिक विधि से गेंदा के खरपतवार को खत्म करने के लिए आप GEEKEN CHEMICALS के खरपतवारनाशी कैमिकल का प्रयोग कर सकते है। GEEKEN CHEMICALS ने गेंदा के पौधे में खरपतवार को खत्म करने के लिए अपना सबसे अच्छा खरपतवार नाशी बनाया है। जिसके प्रयोग के मात्र 72 घंटे के बाद इसका असर दिखनें लगेगा। जीकेन केमिकल्स Top Agricultural Chemical Companies in India में से एक है।

भारत में गेंदा के फूलों की तुड़ाई

किसान भाइयों सबसे पहले आपको इसके पौधे की तीन महीने तक देखभाल करने की जरूरत है। जिसके बाद ही आप इसके फूलों की तुड़ाई कर सकते है। इसके फूलों को बिना पौधे को नुकसान पहुचाएं तोडना होता है। किसान भाइयों यह ध्यान रखें फूलों की तुड़ाई हमेशा सुबह या शाम के समय में करना चाहिए। इसके अलावा आप जब भी फूलों की तुड़ाई करें खेत में नमी बनाएं रखें , इससे फूल अधिक समय तक ताजे बनें रहते है।

भारत में गेंदा के फूलो की पैदावार और कीमत

किसान भाइयों गेंदा ऐसा फूल है जिसे हम दो प्रकार से बेचकर अच्छा पैसा कमा सकते है। पहले तरीके से आप गेंदा के फूल को ताजे फूलों के रूप में तोड़कर बेच सकते है वहीँ दूसरे तरीके से गेंदा को बेचने के लिए आपको इसके फूल को सुखना पड़ेगा जिसके बाद आप इसके बीज को अपने नजदीकी बाजार में बेच सकते है। गेंदा के फूल की मांग हमेशा रहती है , जिससे आप इसकी खेती करके अच्छा पैसा कमा सकते है।

और पढ़े –: जानिए टमाटर में लगने वाले प्रमुख रोग और उनका उपचार

निष्कर्ष 

किसान भाइयों आज के इस ब्लॉग में हमनें जाना की गेंदा के पौधे की खेती भारत में कैसे की जाती है। आशा है कि आप सभी को हमारा यह ब्लॉग बहुत पसंद आया होगा आप हमारे इस ब्लॉग को अपने सोशल मीडिया के माध्यम से शेयर भी कर सकते है जिससे और भी किसान भाई अपने खेती के प्रति जागरूक हो सकें। अगर आपके फसल में कीड़े , मकोड़े का प्रकोप है या फिर ज्यादा खरपतवार दिखाई पड़ रहें है तो उसके लिए आप GEEKEN CHEMICALS के कीटनाशक का प्रयोग कर सकते है। अगर आप हमारे कीटनाशक को खरीदना चाहते है तो हमें कॉल (+91 – 9999570297) भी कर सकते है।